रसोइया चयन 2026: आवेदन फॉर्म से चयन प्रस्ताव तक पूरी जानकारी और जरूरी प्रारूप
- पीएम पोषण योजना और रसोइयों की भूमिका
- रिक्त पद से चयन तक: प्रक्रिया कैसे आगे बढ़ती है?
- रिक्त पद की सार्वजनिक सूचना कैसे दें?
- आवेदन पत्र और जरूरी दस्तावेज
- आवेदनों पत्रों की जांच और पात्रता
- रसोइया चयन बैठक और कार्यवाही
- पात्रता और प्राथमिकता से जुड़े नियम
- आवेदन के साथ कौन-कौन से अभिलेख रखें?
- रसोइयों का मानदेय: ₹2,000 से बढ़कर ₹3,000
- रसोइया के प्रमुख कार्य एवं जिम्मेदारियां
- इस PDF संकलन में क्या-क्या मिलेगा?
- रसोइया चयन के सभी शासनादेश, आवेदन फॉर्म एवं प्रारूप
- रसोइया चयन के दौरान इन बातों का रखें विशेष ध्यान
- अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
उत्तर प्रदेश के परिषदीय प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों में पीएम पोषण (PM POSHAN) योजना के अंतर्गत बच्चों को गर्म एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाता है। इसी व्यवस्था के संचालन हेतु लिए विद्यालयों में रसोइयों की आवश्यकता होती है। किसी पद के रिक्त होने पर चयन की कार्रवाई निर्धारित नियमों के अनुसार पूरी करनी होती है। ऐसे में प्रधानाध्यापक और चयन समिति के लिए आवेदन से लेकर चयन प्रस्ताव तक की सही प्रक्रिया जानना जरूरी हो जाता है।
रसोइया चयन में रिक्त पद की स्थिति स्पष्ट करने के बाद सार्वजनिक सूचना, आवेदन प्राप्ति, अभिलेखों की जांच, पात्रता का परीक्षण, चयन समिति की बैठक और चयन संबंधी अभिलेख तैयार करने जैसे चरण आते हैं। इस लेख में इन्हीं चरणों को क्रमवार और व्यावहारिक तरीके से समझाया गया है, ताकि विद्यालय स्तर पर कार्रवाई करते समय जरूरी बिंदु छूट न जाएं।
नए प्रधानाध्यापक या शिक्षक के सामने अक्सर यह सवाल रहता है कि रसोइया का रिक्त पद सामने आने पर कार्रवाई किस क्रम में की जाए, आवेदन के साथ क्या लिया जाए और चयन बैठक में कौन-कौन से दस्तावेज तैयार किए जाएं। अलग-अलग प्रारूप तलाशने में समय न लगे, इसलिए यहां आवेदन से लेकर चयन प्रस्ताव तक आवश्यक जानकारी को क्रमवार रखा गया है।
इस लेख में रसोइया चयन का आवेदन फॉर्म, चयन समिति की कार्रवाई, सार्वजनिक सूचना, पात्रता एवं प्राथमिकता, जरूरी दस्तावेज, चयन कार्यवाही, चयनित/प्रतीक्षा सूची, मानदेय और उपयोगी प्रारूप की जानकारी दी गई है। अंत में उपलब्ध डाउनलोड लिंक से रसोइया चयन से संबंधित PDF संकलन भी प्राप्त किया जा सकता है।
पीएम पोषण योजना और रसोइयों की भूमिका
प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना (PM POSHAN) का उद्देश्य विद्यालयी बच्चों को पोषणयुक्त भोजन उपलब्ध कराना और विद्यालयी उपस्थिति व शिक्षा से जुड़े सकारात्मक परिणामों को बढ़ावा देना है। उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में भोजन व्यवस्था इसी योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार संचालित होती है।
उत्तर प्रदेश में यह योजना बेसिक शिक्षा परिषद के सभी परिषदीय विद्यालयों में संचालित की जाती है। योजना के अंतर्गत प्रत्येक विद्यालय को विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार खाद्यान्न, कन्वर्जन कॉस्ट तथा अन्य आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाते हैं। भोजन तैयार करने के लिए आवश्यक रसोइयों का चयन भी इसी योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार किया जाता है।
इस व्यवस्था में रसोइया भोजन की तैयारी, स्वच्छता और समय पर भोजन उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसलिए चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता और अभिलेखों का सही संधारण विशेष महत्व रखता है।
रिक्त पद से चयन तक: प्रक्रिया कैसे आगे बढ़ती है?
सबसे पहले विद्यालय में उपलब्ध रसोइया पदों और वास्तविक आवश्यकता की स्थिति देखी जाती है। रिक्ति की स्थिति स्पष्ट होने के बाद लागू शासनादेश के अनुसार विद्यालय स्तर पर चयन की कार्रवाई शुरू की जाती है। प्रक्रिया का संचालन संबंधित PM POSHAN/चयन समिति द्वारा निर्धारित नियमों के अनुसार किया जाता है।
समिति की संरचना और सदस्यों की भूमिका संबंधित समय पर प्रभावी शासनादेश के अनुसार तय की जानी चाहिए। सामान्यतः ग्राम प्रधान/प्रतिनिधि और प्रधानाध्यापक सहित निर्धारित अभिभावक सदस्यों की भागीदारी रहती है। किसी भी स्थिति में समिति को लागू सरकारी निर्देशों के अनुसार ही कार्यवाही करनी चाहिए।
समिति के गठन के बाद सबसे पहले बैठक आयोजित की जाती है। इस बैठक में रिक्त पदों की संख्या, चयन प्रक्रिया की समय-सारिणी, आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि, विज्ञापन प्रकाशित करने का तरीका तथा चयन की संभावित तिथि निर्धारित की जाती है। बैठक की संपूर्ण कार्यवाही कार्यवाही रजिस्टर में दर्ज की जाती है और उपस्थित सदस्यों के हस्ताक्षर कराए जाते हैं।
रिक्त पद की सार्वजनिक सूचना कैसे दें?
समिति की बैठक के बाद रसोइया चयन हेतु सार्वजनिक सूचना जारी की जाती है। शासन का उद्देश्य यह है कि चयन प्रक्रिया की जानकारी अधिक से अधिक पात्र अभ्यर्थियों तक पहुंचे और सभी को आवेदन का समान अवसर मिले।
इसलिए रिक्त पदों की सूचना विद्यालय के सूचना पट पर चस्पा की जाती है। इसके अतिरिक्त ग्राम पंचायत भवन, सार्वजनिक स्थानों तथा गांव के प्रमुख स्थानों पर भी सूचना लगाई जाती है। कई स्थानों पर मुनादी के माध्यम से भी जानकारी दी जाती है ताकि कोई पात्र अभ्यर्थी सूचना के अभाव में आवेदन करने से वंचित न रह जाए।
विज्ञापन में सामान्यतः निम्न जानकारी दी जाती है—
- विद्यालय का नाम
- रिक्त रसोइया पदों की संख्या
- आवेदन प्राप्त करने की तिथि
- आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि
- आवेदन जमा करने का स्थान
- आवश्यक दस्तावेजों की सूची
- चयन से संबंधित प्रमुख नियम
निर्धारित समय-सीमा समाप्त होने के बाद प्राप्त आवेदन सामान्यतः स्वीकार नहीं किए जाते।
आवेदन पत्र और जरूरी दस्तावेज
इच्छुक अभ्यर्थी निर्धारित प्रारूप में आवेदन पत्र भरकर विद्यालय में जमा करते हैं। आवेदन पत्र के साथ आवश्यक प्रमाण पत्र भी संलग्न किए जाते हैं। आवेदन प्राप्त होने के बाद प्रधानाध्यापक प्राप्त आवेदनों का विवरण तैयार करते हैं तथा अंतिम तिथि के बाद सभी आवेदन चयन समिति के समक्ष प्रस्तुत किए जाते हैं।
आवेदन जमा करते समय सामान्यतः निम्न दस्तावेज संलग्न किए जाते हैं—
- आवेदन पत्र
- आधार कार्ड
- निवास प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
- बैंक पासबुक की छायाप्रति
- पासपोर्ट आकार का नवीन फोटो
- अन्य आवश्यक प्रमाण पत्र (यदि शासनादेश में उल्लेखित हों)
सभी आवेदन प्राप्त होने के बाद उनकी एक सूची तैयार की जाती है, जिसे चयन समिति की बैठक में प्रस्तुत किया जाता है।
आवेदनों पत्रों की जांच और पात्रता
निर्धारित तिथि के बाद चयन समिति प्राप्त सभी आवेदन पत्रों की जांच करती है। सबसे पहले यह देखा जाता है कि आवेदन निर्धारित प्रारूप में भरा गया है या नहीं तथा आवश्यक दस्तावेज संलग्न हैं या नहीं।
इसके बाद प्रत्येक अभ्यर्थी की पात्रता का परीक्षण शासनादेश में निर्धारित मानकों के अनुसार किया जाता है। यदि किसी आवेदन में आवश्यक दस्तावेज अधूरे पाए जाते हैं या पात्रता संबंधी शर्तें पूरी नहीं होती हैं, तो समिति नियमानुसार उस पर निर्णय लेती है।
जांच पूरी होने के बाद पात्र अभ्यर्थियों की सूची तैयार की जाती है और समिति द्वारा चयन बैठक की तिथि निर्धारित की जाती है।
रसोइया चयन बैठक और कार्यवाही
चयन समिति की बैठक में सभी पात्र अभ्यर्थियों पर विस्तार से विचार किया जाता है। शासनादेश में निर्धारित पात्रता, वरीयता एवं आरक्षण संबंधी नियमों का पालन करते हुए समिति सर्वसम्मति से चयन करती है।
चयन के बाद चयनित अभ्यर्थी का नाम कार्यवाही रजिस्टर में दर्ज किया जाता है। यदि आवश्यकता हो तो प्रतीक्षा सूची भी तैयार की जाती है। बैठक की कार्यवाही पर सभी उपस्थित सदस्यों के हस्ताक्षर कराए जाते हैं।
इसके बाद चयन प्रस्ताव, कार्यवाही विवरण तथा अन्य आवश्यक अभिलेख खंड शिक्षा अधिकारी को प्रेषित किए जाते हैं ताकि आगे की औपचारिक कार्यवाही पूरी की जा सके।
पात्रता और प्राथमिकता से जुड़े नियम
रसोइया चयन केवल आवेदन प्राप्त होने के आधार पर नहीं किया जाता, बल्कि शासन द्वारा निर्धारित पात्रता एवं वरीयता के आधार पर चयन समिति निर्णय लेती है। चयन के समय यह सुनिश्चित किया जाता है कि नियुक्त व्यक्ति विद्यालय में संचालित पीएम पोषण योजना को सुचारु रूप से संचालित करने में सक्षम हो तथा भोजन की गुणवत्ता एवं स्वच्छता के मानकों का पालन कर सके।
शासनादेशों के अनुसार सामान्यतः स्थानीय निवासी अभ्यर्थियों को प्राथमिकता दी जाती है, ताकि वे नियमित रूप से विद्यालय में उपस्थित होकर अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकें। कई मामलों में उस अभ्यर्थी को भी प्राथमिकता दी जाती है जिसके परिवार का कोई बच्चा संबंधित विद्यालय में अध्ययनरत हो। इसके अतिरिक्त विधवा, परित्यक्ता एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की महिलाओं को भी शासनादेश में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार वरीयता दी जा सकती है। हालांकि अंतिम निर्णय संबंधित समय पर प्रभावी शासनादेश एवं चयन समिति की संस्तुति के आधार पर ही लिया जाता है।
चयन प्रक्रिया के दौरान आरक्षण संबंधी नियमों का पालन भी अनिवार्य होता है। यदि किसी वर्ग के लिए आरक्षण निर्धारित है, तो चयन उसी के अनुरूप किया जाता है। किसी भी स्थिति में चयन समिति शासनादेश के विपरीत निर्णय नहीं ले सकती।
आवेदन के साथ कौन-कौन से अभिलेख रखें?
रसोइया चयन हेतु आवेदन करते समय अभ्यर्थी को निर्धारित आवेदन पत्र के साथ आवश्यक अभिलेख संलग्न करने होते हैं। यदि कोई आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं होता है, तो आवेदन निरस्त भी किया जा सकता है। सामान्यतः निम्न दस्तावेज आवश्यक होते हैं—
- निर्धारित आवेदन पत्र
- आधार कार्ड की प्रति
- निवास प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
- बैंक खाते की पासबुक की छायाप्रति
- पासपोर्ट आकार का नवीनतम फोटो
- मोबाइल नंबर
- अन्य प्रमाण पत्र, यदि शासनादेश में अपेक्षित हों
प्रधानाध्यापक द्वारा सभी प्राप्त आवेदन पत्रों का अभिलेखीकरण किया जाता है तथा आवेदन प्राप्ति की सूची तैयार कर चयन समिति के समक्ष प्रस्तुत की जाती है।
रसोइयों का मानदेय: ₹2,000 से बढ़कर ₹3,000
उत्तर प्रदेश में पीएम पोषण योजना के अंतर्गत कार्यरत रसोइयों को पहले ₹2,000 प्रतिमाह मानदेय मिलता था। अगस्त 2026 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की घोषणा के बाद मानदेय में ₹1,000 प्रतिमाह की बढ़ोतरी की गई है। अब रसोइयों का मानदेय ₹3,000 प्रतिमाह निर्धारित किए जाने की जानकारी सामने आई है।
उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार बढ़ा हुआ मानदेय सितंबर 2026 से लागू किए जाने और अक्टूबर में भुगतान किए जाने की जानकारी दी गई है। हालांकि भुगतान की वास्तविक तिथि और प्रक्रिया के लिए संबंधित विभाग का नवीनतम आधिकारिक आदेश ही अंतिम आधार माना जाना चाहिए।
मानदेय का भुगतान नकद नहीं किया जाता। चयनित रसोइया के बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से राशि भेजी जाती है। सामान्यतः यह मानदेय शैक्षणिक सत्र के 10 माह के लिए देय होता है। इसलिए आवेदन के समय सही बैंक खाता विवरण देना अत्यंत आवश्यक होता है।
रसोइया के प्रमुख कार्य एवं जिम्मेदारियां
रसोइया का कार्य केवल भोजन पकाना नहीं है। उसे विद्यालय में भोजन तैयार करने से पहले और बाद में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों का पालन करना होता है। इनमें मुख्य रूप से—
- निर्धारित मेन्यू के अनुसार भोजन तैयार करना।
- भोजन तैयार करने से पहले एवं बाद में रसोईघर की साफ-सफाई रखना।
- खाद्यान्न एवं अन्य सामग्री का सुरक्षित भंडारण करना।
- भोजन की गुणवत्ता एवं स्वच्छता बनाए रखना।
- समय पर भोजन तैयार कर विद्यार्थियों को उपलब्ध कराना।
- स्वच्छ पेयजल एवं साफ बर्तनों का उपयोग करना।
- खाद्य सुरक्षा से संबंधित निर्देशों का पालन करना।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक एवं संबंधित अधिकारी समय-समय पर इन कार्यों की निगरानी भी करते हैं।
इस PDF संकलन में क्या-क्या मिलेगा?
यदि आप रसोइया चयन की पूरी प्रक्रिया बिना किसी कठिनाई के सम्पन्न करना चाहते हैं, तो यह PDF संकलन आपके लिए अत्यंत उपयोगी है। इसमें रसोइया चयन से संबंधित लगभग सभी आवश्यक दस्तावेज एक ही स्थान पर उपलब्ध हैं, जिनमें—
- रसोइया चयन संबंधी प्रमुख शासनादेश
- संशोधित शासनादेश
- रसोइया आवेदन फॉर्म
- चयन समिति गठन प्रारूप
- बैठक सूचना प्रारूप
- चयन एजेंडा
- चयन कार्यवाही रजिस्टर
- आवेदन प्राप्ति सूची
- चयन प्रस्ताव
- चयनित एवं प्रतीक्षा सूची
- अन्य आवश्यक दिशा-निर्देश एवं प्रारूप
शामिल हैं। इन प्रारूपों का उपयोग करके विद्यालय में शासनादेश के अनुरूप पूरी चयन प्रक्रिया आसानी से सम्पन्न की जा सकती है।
रसोइया चयन के सभी शासनादेश, आवेदन फॉर्म एवं प्रारूप
यदि आप उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालय में रसोइया चयन की प्रक्रिया पूरी करने जा रहे हैं, तो सबसे पहले संबंधित शासनादेशों एवं निर्धारित प्रारूपों का अध्ययन करना आवश्यक है। बिना शासनादेश का पालन किए चयन प्रक्रिया पूरी करना भविष्य में आपत्ति या विवाद का कारण बन सकता है। इसलिए इस लेख में रसोइया चयन से संबंधित सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज एक ही स्थान पर उपलब्ध कराए गए हैं।
इस PDF संकलन में रसोइया चयन संबंधी शासनादेश, संशोधित आदेश, आवेदन पत्र, चयन समिति गठन का प्रारूप, बैठक एजेंडा, कार्यवाही रजिस्टर, आवेदन प्राप्ति सूची, चयन प्रस्ताव, चयनित एवं प्रतीक्षा सूची सहित अन्य आवश्यक प्रारूप शामिल हैं। विद्यालय के प्रधानाध्यापक, सहायक अध्यापक, विद्यालय प्रबंधन समिति (SMC) के सदस्य तथा खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में कार्यरत कर्मचारियों के लिए यह संकलन अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा।
रसोइया चयन के दौरान इन बातों का रखें विशेष ध्यान
रसोइया चयन की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी एवं शासनादेश के अनुरूप होनी चाहिए। चयन प्रक्रिया शुरू करने से पहले विद्यालय में वास्तविक छात्र संख्या का सत्यापन कर लें तथा उसी के अनुसार रिक्त पदों का निर्धारण करें। समिति का गठन निर्धारित नियमों के अनुसार ही किया जाए तथा समिति की प्रत्येक बैठक की कार्यवाही रजिस्टर में दर्ज की जाए।
रिक्त पदों की सूचना विद्यालय के सूचना पट के साथ-साथ सार्वजनिक स्थानों पर भी प्रदर्शित की जानी चाहिए ताकि सभी पात्र अभ्यर्थियों को आवेदन करने का समान अवसर मिल सके। आवेदन प्राप्त करने के बाद प्रत्येक आवेदन पत्र की सावधानीपूर्वक जांच करें तथा सभी आवश्यक प्रमाण-पत्रों का सत्यापन अवश्य करें।
चयन समिति द्वारा लिया गया प्रत्येक निर्णय सर्वसम्मति से होना चाहिए और उसकी लिखित कार्यवाही तैयार कर सभी सदस्यों के हस्ताक्षर प्राप्त किए जाने चाहिए। चयन प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद चयन प्रस्ताव एवं अन्य आवश्यक अभिलेख समय से खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय को भेजना भी आवश्यक है। यदि शासन द्वारा समय-समय पर नए निर्देश जारी किए जाएं तो उन्हीं के अनुसार आगे की कार्रवाई की जानी चाहिए।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
प्रश्न 1. रसोइया चयन कौन करता है?
उत्तर: रसोइया का चयन विद्यालय स्तर पर गठित पीएम पोषण/मध्याह्न भोजन चयन समिति द्वारा शासनादेश के अनुसार किया जाता है।
प्रश्न 2. रसोइया चयन के लिए आवेदन कैसे किया जाता है?
उत्तर: निर्धारित आवेदन पत्र भरकर आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित विद्यालय में निर्धारित तिथि तक जमा करना होता है।
प्रश्न 3. क्या रसोइया चयन के लिए विज्ञापन देना अनिवार्य है?
उत्तर: हां, रिक्त पदों की सूचना सार्वजनिक रूप से जारी करना आवश्यक होता है ताकि सभी पात्र अभ्यर्थियों को आवेदन का अवसर मिल सके।
प्रश्न 4. रसोइयों की संख्या किस आधार पर तय होती है?
उत्तर: विद्यालय में नामांकित छात्र-छात्राओं की संख्या के आधार पर शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार रसोइयों की संख्या तय की जाती है।
प्रश्न 5. रसोइया का वर्तमान मानदेय कितना है?
उत्तर: वर्तमान में उत्तर प्रदेश में रसोइयों को ₹2,000 प्रतिमाह मानदेय मिल रहा है। अगस्त 2026 में माननीय मुख्यमंत्री जी की घोषणा के बाद ₹1,000 की बढ़ोतरी किए जाने से मानदेय ₹3,000 प्रतिमाह हो जाएगा, जिसका भुगतान सितम्बर 2026 से किए जाने की खबर है। बढ़ी हुई राशि के लागू होने की अंतिम पुष्टि संबंधित विभागीय आदेश से करें।
प्रश्न 6. आवेदन के साथ कौन-कौन से दस्तावेज लगाने होते हैं?
उत्तर: आवेदन पत्र, आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, बैंक पासबुक, फोटो तथा शासनादेश के अनुसार अन्य आवश्यक दस्तावेज।
प्रश्न 7. क्या चयन समिति की बैठक की कार्यवाही लिखना आवश्यक है?
उत्तर: हां, चयन प्रक्रिया की प्रत्येक कार्यवाही रजिस्टर में दर्ज करना तथा सदस्यों के हस्ताक्षर कराना अनिवार्य है।
प्रश्न 8. क्या इस PDF में सभी आवश्यक प्रारूप उपलब्ध हैं?
उत्तर: हां, इसमें आवेदन फॉर्म, शासनादेश, एजेंडा, कार्यवाही रजिस्टर, चयन प्रस्ताव, चयन सूची एवं अन्य आवश्यक प्रारूप शामिल हैं।
रसोइया चयन प्रक्रिया विद्यालय प्रशासन की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक प्रक्रियाओं में से एक है। यह केवल एक नियुक्ति नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के पोषण, स्वास्थ्य एवं विद्यालय की व्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण दायित्व है। इसलिए चयन प्रक्रिया के प्रत्येक चरण—समिति गठन, सार्वजनिक सूचना, आवेदन प्राप्ति, दस्तावेज सत्यापन, चयन समिति की बैठक, चयन प्रस्ताव तथा अभिलेखों के संधारण—को शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार ही पूरा किया जाना चाहिए।
यदि आप प्रधानाध्यापक, शिक्षक, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य या रसोइया चयन प्रक्रिया से जुड़े किसी भी दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं, तो इस लेख में उपलब्ध जानकारी एवं PDF संकलन आपके लिए एक संपूर्ण मार्गदर्शिका का कार्य करेगा। यहां उपलब्ध सभी शासनादेश, आवेदन फॉर्म, चयन प्रारूप एवं दिशा-निर्देश की सहायता से आप चयन प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी एवं नियमसम्मत तरीके से पूरा कर सकते हैं।
अस्वीकरण: मानदेय, चयन प्रक्रिया, पात्रता एवं अन्य नियम समय-समय पर शासन द्वारा संशोधित किए जा सकते हैं। इसलिए किसी भी महत्वपूर्ण निर्णय से पहले संबंधित विभाग द्वारा जारी नवीनतम आधिकारिक शासनादेश अवश्य देखें।
