विद्यालयों के लिए महत्वपूर्ण पोर्टल और पंजीकरण गाइड 2026: प्रधानाध्यापक अवश्य पढ़ें
आधुनिक शिक्षा प्रणाली में अब केवल किताबी ज्ञान तक सीमित रहना काफी नहीं है, बल्कि छात्रों के सर्वांगीण विकास, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और तकनीकी सशक्तिकरण पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा कई महत्वपूर्ण डिजिटल पोर्टल और मोबाइल एप्लिकेशन लॉन्च किए गए हैं, जिनके माध्यम से विद्यालयों को विभिन्न राष्ट्रीय अभियानों से जोड़ा जा रहा है।
हाल ही में बेसिक टीचर टेक्निकल हेल्प ग्रुप द्वारा शिक्षकों और विद्यालयों की सहायता के लिए कुछ प्रमुख पोर्टल और ऐप्स के पंजीकरण से जुड़े दिशा-निर्देश साझा किए गए हैं, जो स्कूलों को डिजिटल और प्रगतिशील बनाने में बेहद मददगार साबित होंगे। आइए इन सभी महत्वपूर्ण पहलों, उनके उद्देश्यों और पंजीकरण प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानते हैं:
1. नशा मुक्त विद्यालय अभियान
- उद्देश्य: आज के समय में युवाओं और विद्यार्थियों को नशे की बुरी लत से बचाना एक बड़ी चुनौती है। विद्यालयों में एक स्वस्थ, सुरक्षित और सकारात्मक शैक्षणिक माहौल तैयार करने के लिए ‘नशा मुक्त विद्यालय’ की परिकल्पना की गई है। इसके तहत स्कूलों को इस अभियान से जोड़कर छात्र-छात्राओं को जागरूक किया जाता है।
- पंजीकरण प्रक्रिया: प्रधानाध्यापक आधिकारिक नशा मुक्त विद्यालय पोर्टल पर विजिट कर अपने विद्यालय की लॉगिन आईडी के माध्यम से इस अभियान से जुड़ सकते हैं और निर्धारित गतिविधियां पूरी कर सकते हैं।
- पंजीकरण हेतु लिंक: नशा मुक्त विद्यालय पोर्टल
2. स्वच्छता ही सेवा 2026 (SWM 2026)
- उद्देश्य: विद्यालयों में स्वच्छता को जन-आंदोलन का रूप देने और विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के लिए ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान चलाया जा रहा है। ‘Eco Clubs For Mission LiFE’ के अंतर्गत विद्यालय इस पोर्टल पर अपनी गतिविधियों और पंजीकरण को सुनिश्चित करते हैं।
- पंजीकरण प्रक्रिया: स्कूल स्वच्छता ही सेवा 2026 पोर्टल पर जाकर अपने इको-क्लब (Eco Club) का पंजीकरण कर सकते हैं और विद्यालय परिसर में होने वाली स्वच्छता गतिविधियों की रिपोर्टिंग भी कर सकते हैं।
- पंजीकरण हेतु लिंक: स्वच्छता ही सेवा 2026 पोर्टल
3. SHVR स्वच्छ एवं हरित विद्यालय मूल्यांकन पोर्टल
- उद्देश्य: विद्यालयों को पर्यावरण-अनुकूल, स्वच्छ और हरित (Green & Clean) बनाने के लिए ‘SHVR’ मूल्यांकन पोर्टल शुरू किया गया है। इसके माध्यम से स्कूल अपने यहां स्वच्छता, पेयजल, ऊर्जा संरक्षण, और हरियाली के मानकों का आत्म-मूल्यांकन (Self-Assessment) करते हैं।
- पंजीकरण प्रक्रिया: प्रधानाध्यापकों को SHVR पोर्टल पर अपने विद्यालय का यू-डाइस (U-DISE) कोड दर्ज करके लॉग इन करना होता है और दिए गए मानकों के आधार पर अपने विद्यालय की स्थिति दर्ज करनी होती है।
- पंजीकरण हेतु लिंक: SHVR पोर्टल
4. प्रशस्त ऐप (PRASHAST App)
- उद्देश्य: समावेशी शिक्षा के तहत दिव्यांग बच्चों की समय पर पहचान और उनकी विशेषताओं के आकलन के लिए ‘प्रशस्त ऐप’ एक क्रांतिकारी डिजिटल पहल है। इस ऐप के जरिए शिक्षक दिव्यांगता के विभिन्न प्रकारों को समझकर बच्चों का सही आकलन कर सकते हैं।
- पंजीकरण प्रक्रिया: शिक्षक इस ऐप को Google Play Store से डाउनलोड कर सकते हैं। ऐप पर शिक्षक पंजीकरण करने के बाद बच्चों के डेटा का आकलन और उससे जुड़ी मार्गदर्शिका व सहायता वीडियो देख सकते हैं।
- डाउनलोड एवं पंजीकरण लिंक: प्रशस्त ऐप (Google Play Store)
5. विद्यांजलि पोर्टल (Vidyanjali Portal)
- उद्देश्य: समुदाय, निजी क्षेत्र और प्रतिष्ठित स्वयंसेवकों (Volunteers) की भागीदारी के माध्यम से सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त विद्यालयों को बुनियादी सुविधाओं व शैक्षणिक सहायता से मजबूत बनाना इस पोर्टल का मुख्य उद्देश्य है।
- पंजीकरण प्रक्रिया: विद्यांजलि पोर्टल पर विद्यालय अपनी आवश्यकताएं (जैसे- पुस्तकें, खेलकूद का सामान, डिजिटल उपकरण या अतिरिक्त शिक्षण सहयोग) दर्ज कर सकते हैं, जिससे डोनर्स या स्वयंसेवक सीधे स्कूल से जुड़कर मदद कर सकें।
- पंजीकरण हेतु लिंक: विद्यांजलि पोर्टल
प्रधानाध्यापकों के लिए आवश्यक निर्देश
- समयबद्धता: सभी डिजिटल पोर्टल्स पर दी गई समय-सीमा के भीतर अपने विद्यालय का पंजीकरण और डेटा अपडेट करना अनिवार्य है।
- सटीक डेटा: पोर्टल पर विद्यालय का यू-डाइस कोड, छात्रों की संख्या और अन्य विवरण भरते समय पूरी सावधानी बरतें ताकि किसी प्रकार की त्रुटि न हो।
- समन्वय: शिक्षक अपने विद्यालय के अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर इन सभी अभियानों को धरातल पर उतारें, ताकि निरीक्षण के दौरान विद्यालय का प्रदर्शन उत्कृष्ट रहे।
निष्कर्ष: ये सभी डिजिटल पहलें हमारे विद्यालयों को अधिक सक्षम, स्वच्छ, सुरक्षित और आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम हैं। सभी शिक्षकों और विद्यालय प्रबंधकों से अनुरोध है कि वे समय पर इन पोर्टल्स पर अपने विद्यालय का पंजीकरण पूरा करें और शासन की इन महत्वपूर्ण योजनाओं का पूरा लाभ उठाएं।
क्या आप इनमें से किसी विशेष पोर्टल (जैसे प्रशस्त ऐप या विद्यांजलि) पर पंजीकरण करने की स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया के बारे में जानना चाहते हैं?
इसे भी पढ़ें :
